खटीक समाज के लोगों ने सेवाभारती की प्रेरणा से गरीब परिवारों को लिया गोद

इंडिया ब्रेकिंग/करनाल रिपोर्टर (ब्यूरो)करनाल। दानवीरों के नाम से मशहूर कर्णनगरी में आज भी दानवीरों की कमी नहीं है। धनवान लोगों को दान देते आम देखा जा सकता है, पर जिन्हें खुद खाने के फाके पड़े हों, वे दानवीर बन जाएं तो हर असंभव दिखने वाला कार्य सुगम व सरल हो जाता है। वैश्विक महामारी कोरोना के खिलाफ लड़ाई में खटीक समाज ने ऐसी ही एक मिसाल पेश की जिसकी चहुंओर प्रशंसा हो रही है।

कोरोना महामारी के चलते नगर के ही एक वंचित समाज ने आगे बढ़कर अपने जैसे दूसरे समाज के लोगों की सेवा करने का बीड़ा उठाया है। ये दानवीर हर किसी के लिए प्रेरणा बन गए हैं।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ द्वारा संचालित सेवा भारती के कार्यकर्ताओं द्वारा राशन आदि बांटने वितरण व संग्रहण का कार्य सेवाश्री आश्रम में किया जा है। लॉकडाउन के चलते राशन की कमी से प्रभावित खटीक समाज के कुछ लोग अपनी बस्ती के कुछ लोगों के लिए राशन के पैकेट्स लेने के लिए सेवा भारती कार्यालय में पहुंचे। उस समय सेवा भारती के कार्यकर्ता राशन के पैकेट्स बनाकर जरूरतमंद घरों में पहुँचाने का कार्य कर रहे थे। उन्हें जब यह पता लगा कि सेवा भारती कितने बड़े स्तर पर पूरे नगर में अभावग्रस्त, असहाय, गरीब दिहाड़ीदार मज़दूरों और वंचित समाज को राशन के पैकेट बांट रही है और यह सारा राशन नगर के सेवाभावी लोगों के द्वारा अपनी नेक कमाई से कुछ हिस्सा ऐसे सेवाकार्य के लिए दिया गया है।

कुछ दानी लोगों ने कुछ बेसहारा लोगों के घरों को भी गोद ले लिया है व उनके राशन सम्बन्धी विषय की चिंता भी कर रहे हैं। यह सब देखते ही उनका मन बदल गया और उन्होंने वहीं तय किया कि वे भी इस समाजसेवा के कार्य के भागीदार बनेंगे और मुफ्त राशन नहीं लेंगे। बस्ती के लोगों ने ही गरीब/असमर्थ परिवारों को गोद ले लिया। खटीक समाज के लोगों ने उस सेवाकार्य से प्रभावित होकर सेवा भारती के कार्यकर्ताओं से बातचीत के दौरान सहज रूप से और स्वयं प्रेरणा से 11000 रुपये की राशि का एक चेक सेवा भारती को दान स्वरूप भेंट किया।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के हरियाणा प्रांत के बौद्धिक प्रमुख सुधीर कुमार ने उनके सेवाभाव की सराहना की। उन्होंने आए हुए सब लोगों को सेवा भारती कार्यालय “सेवा श्री आश्रम” में छात्रावास दिखाया, जहां पर वंचित समाज के छात्रों को रखा जाना है, लाइब्रेरी, रसोई, कंप्यूटर प्रशिक्षण कक्ष, सिलाई केंद्र इत्यादि भी दिखाए। पूरा परिसर देखने के पश्चात वे इतने प्रभावित हुए की  उन्होंने कहा कि हम न केवल आर्थिक अपितु मानसिक एवं प्रत्यक्ष सहयोग भी सेवा भारती को देंगे और आगे भी देते रहेंगे और 15000 रुपये का एक ओर चेक सेवा भारती को समर्पित किया।

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विभाग संपर्क प्रमुख कपिल अत्रेजा ने कहा कि ऐसा उदाहरण देखकर सनातन भारतीय संस्कारों के प्रति श्रद्धा जागती है कि हम केवल लेने के लिए नहीं बने समाज को देना भी हमारी ही जिम्मेदारी है। “हिन्दव:सोदरा: सर्वे, न हिन्दू: पतितो भवेत्, मम दीक्षा हिन्दू रक्षा, मम मंत्र: समानता। अर्थात सब हिन्दू भाई है, कोई भी हिन्दू पतित नहीं है। हिंदुओंकी रक्षा मेरी दीक्षा है, समानता यही मेरा मंत्र है” की भावना यहां पर स्पष्ट दिखाई देती है।

खटीक समाज से राजकुमार तंवर प्रधान, राजेश मुलतानिया महासचिव, नरेंद्र मुलतानिया कोषाध्यक्ष, काका सिंह चौहान पूर्व सचिव, विकास तंवर, विनोद पूरी, बालकिशन तंसर, शशिपाल चौहान, बालकिशन बडगुज्जर आदि उपस्थित रहे।

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