कैथल: गाँव के किसानो ने स्वास्थ्यकर्मियों को वैक्सीनेशन सेंटर से भगाया

हरियाणा के कैथल में शनिवार को कोरोना वैक्सीनेशन के लिए जाट शाइनिंग स्टार स्कूल में सेंटर बनाया गया था। इस दौरान कार्यक्रम का उद्धघाटन करने के लिए इलाके के भाजपा विधायक लीला राम को आना था। उनके आने की सूचना मिलते ही किसान संगठन मौके पर पहुंच गए और नारेबाजी करने लगे।

किसानों का कहना था कि विधायक लीला राम पहले खुद वैक्सीन लगवाएं। नाराज किसानों ने हेल्थ वर्करों को वहां से जाने को कहा। मौके पर पुलिस कम होने के कारण हेल्थ वर्कर अपना सामान समेटकर वहां से चले गए। इसके बाद जिला अस्पताल में वैक्सीन सेंटर बनाया गया। सीएमओ ओमप्रकाश ने बताया कि वैक्सीन सेंटर को शिफ्ट कर दिया गया है।

हरियाणा में शनिवार को कोरोना टीकाकरण सफल रहा। पंचकूला की सेक्टर-4 सिविल डिस्पेंसरी की सफाई कर्मचारी सरोल बाला को प्रदेश में कोरोना का पहला टीका लगाया गया। अभियान के पहले चरण में सरोज बाला के साथ हरियाणा स्वास्थ्य निदेशालय के उच्चाधिकारियों को भी टीका लगाया गया।

जैसे ही प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने टीकाकरण अभियान की शुरुआत की, पंचकूला की सेक्टर-4 की सिविल डिस्पेंसरी में एएनएम संगीता के पास डीसी पंचकूला मुकेश कुमार अहूजा और स्वास्थ्य विभाग हरियाणा के उच्चाधिकारी पहुंचे और टीकाकरण की शुरुआत करवाई।

वहीं रोहतक जिला अस्पताल में एडवांस में बनाई गई लिस्ट के अनुसार जब स्टाफ नहीं पहुंचा तो डॉक्टर खुद टीका लगवाने के लिए मैदान में आ गए। टीका लगवाने वालों में सबसे पहले फैमिली प्लानिंग विभाग के सुपरिंटेंडेंट अनिल शर्मा, जिला टीकाकरण अधिकारी डॉ. अनिल जीत त्रेहान और महिला वर्ग में डॉ. संगीता अरोड़ा शामिल रहे। आईएमए के प्रधान डॉ. जोगिंदर और ट्रेजरर डॉ. मानव मोडा ने भी टीकाकरण करवाया। कर्मचारियों का कहना था कि यदि वैक्सीन हानिकारक नहीं है तो पहले डॉक्टरों को टीका लगवाना चाहिए था जबकि लिस्ट में नॉन मेडिकल स्टाफ के नाम डाले गए थे।

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