हरियाणा से मुंबई के बीच का सफर हुआ आसान, 24 नहीं अब 12 घंटे में पहुंचेंगे, जानिए क्या है योजना

गुरूग्राम। दिल्ली और हरियाणा से मुंबई जाने वाले लोगों के लिए यह खबर राहत भरी हो सकती है। जल्द ही इस एक्सप्रेस वे से लोग फर्र्राटे भरते हुए मुंबई पहुंच सकेंगे, वह भी बहुत कम समय में। केंद्र सरकार ने दिल्ली-और हरियाणा के गुरूग्राम से शुरू होने वाले मुंबई एक्सप्रेस वे का काम तेज गति से करने के निर्देश दिए हैं। बताया गया है कि इस एक्सप्रेस वे का काम साल 2023 तक पूरा करने के लिए कमर कस ली गई है। यदि काम में कोई अड़चन नहीं आई तो दो साल बाद इस परियोजना के पूरे होते ही दिल्ली, हरियाणा और मुंबई के बीच की दूरी सिमटकर बहुत कम रह जाएगी। जिसके बाद वाहन चंद घंटों के सफर के बाद मुंबई पहुंच पाएंगे।

बता दें कि एक एक्सप्रेस वे को 8 लेन का बेहद ही खूबसूरत मार्ग बनाया जा रहा है। जिस पर दौडऩे वाले वाहनों को बिना किसी दिक्कत के सफर करने में आसानी रहेगी। 2023 तक इस परियोजना को पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और सबसे बड़ी बात तो यह है कि इस एक्सप्रेस वे से सफर करने वाले लोग महज 12 घंटे में देश की आर्थिक राजधानी के दर्शन कर पाएंगे। यानि कि इस एक्सप्रेस वे पर दिल्ली से मुंबई जाने में मात्र 12 घंटे का समय ही लगेगा।

इस एक्सप्रेस वे के रास्ते में करीब 6 राज्य आएंगे और यह देश का सबसे बड़ा राजमार्ग होगा। केंद्रीय मंत्री नितिन गडक़री ने इस राजमार्ग के निर्माण को लेकर राज्यसभा में जानकारी दी है कि तमाम समस्याओं को दूर करते हुए अब इस एक्सप्रेस वे को 2023 तक बना लिया जाएगा। उन्होंने यह भी जानकारी दी है कि यह एक्सप्रेस वे देश का सबसे बड़ा और कीमती राजमार्ग बनने जा रहा है। इस राजमार्ग पर सफर करने के लिए सभी इंतजाम पुख्ता होंगे तथा सुरक्षा की दृष्टि से भी यह पूरी तरह से बेहतर साबित होने जा रहा है।

यह भी प्रमुख समाचार है कि इस एक्सप्रेस वे से यात्रा करने वालों का समय काफी बचेगा और लोग इस राजमार्ग पर बढिय़ा तरह से यात्रा करते हुए अपने समय की बचत भी कर पाएंगे। बताया गया है कि इस राजमार्ग से यात्रा करने वाले लोगों को 20 की बजाए 12 घंटे में मुंबई पहुंचने में सफलता मिलेगी। इसके अलावा लोगों की रेल से यात्रा करने की निर्भरता भी लगभग खत्म हो जाएगी। इस राजमार्ग के पूरा होते ही लोग अपने निजी वाहनों से भी मुंबई की यात्रा कर पाएंगे। फिलहाल मुंंबई जाने वाले लोग दिल्ली से टे्रन का विकल्प ही चुनते हैं, जोकि उन्हें आरामदायक दिखाई देता है। मगर इस राजमार्ग के बनने के बाद लोगों को यह एक और शानदार विकल्प मिल जाएगा, जहां से सफर करते हुए वह महज 12 घंटे में मुंबई पहुंच सकते हैं।

बताया गया है कि वर्तमान में दिल्ली से मुंबई का सफर 1450 किलोमीटर का है। मगर नया राजमार्ग बनने के बाद इसमें 100 किलोमीटर की कटौती हो जाएगी और यह सफर 1350 किलोमीटर का हो जाएगा। यानि कि देश के इस सबसे बड़े राजमार्ग की लंबाई 1350 किलोमीटर की होगी। केंद्र सरकार ने जानकारी दी है कि अब तक इस राजमार्ग पर 350 किलोमीटर का निर्माण पूरा कर लिया गया है, बाकि 825 किलोमीटर तक का सफर निर्धारित समय से पहले पूरा करने का दावा किया गया है।

बता दें कि इस परियोजना की शुरूआत जहां देश की राजधानी दिल्ली से होगी,वहीं इसका सफर हरियाणा के साईबर शहर गुरूग्राम के राजीव चौक से होते हुए मेवात, कोटा राजस्थान, रतलाम, गोदरा, बड़ोदरा, सूरत, दहीसर के रास्ते मुंबई में समाप्त होगा। केंद्र सरकार ने बताया कि इस राजमार्ग का निर्माण देश के पांच अति पिछड़े राज्यों व आदिवासी क्षेत्रों के बीच से होना है। जिसकी वजह से इन राज्यों के लोगों को रोजगार के अवसर भी प्राप्त होंगे। केंद्र सरकार की इस परियोजना को गुरूग्राम से जयपुर रिंग रोड पर राजमार्ग नंबर-8 के साथ साथ बनाया जा रहा है। इस परियोजना पर सवा लाख करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान लगाया गया है। इस राजमार्ग पर जानवरों के निकलने के लिए ओवरपास बनाए जाएंगे।