हरियाणा सरकार ने धान के संबंध में लिया बड़ा फैसला, किसानों को होगा अब ये मुनाफा

हरियाणा सरकार गेहूं की तर्ज पर अब धान की पेमेंट भी सीधे किसानों के खाते में (आढ़तियों के माध्यम से) करेगी। इसके साथ ही सरसों, चना और सूरजमुखी की पेमेंट भी किसानों को सीधे की जाएगी। वहीं गेहूं की पेमेंट ने फिलहाल सूबे के किसानों को मालामाल कर दिया है।

प्रदेश सरकार ने किसानों को गेहूं की 96.31 प्रतिशत पेमेंट कर दी है। 3.69 प्रतिशत पेमेंट शेष रह गई है। जिसे सरकार जल्द अदा करेगी। इसके साथ-साथ सरकार धान की खरीद के लिए भी गेहूं खरीद की तर्ज पर अनाज मंडियों के साथ-साथ गांव के पास ही खरीद केंद्रों की व्यवस्था करने पर विचार कर रही है।

ताकि किसानों को गांव से दूर अपनी धान बेचने न जाना पड़े। खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले के अतिरिक्त मुख्य सचिव पीके दास ने बताया कि सरकार ने गेहूं की पेमेंट के लिए जो मैकेनिज्म तैयार किया है, वह सफल रहा है।

अभी तक गेहूं की खरीद का हिसाब-किताब

मंडी और खरीद केंद्रों में गेहूं खरीद का काम पूरा हो चुका है पेमेंट भी लगभग पूरी क्लीयर होने वाली है।

20 अप्रैल से 11 जून तक 176396 पेमेंट के लिए आई-फॉर्म जेनरेट हुए

इस आई-फॉर्म तहत सरकारी एजेंसियों ने आढ़तियों को 12953.35 करोड़ (97.39 प्रतिशत) अदा किया है। जबकि 337.53 करोड़ (2.61 प्रतिशत) बैलेंस पेंडिंग है।

आढ़ती अभी तक किसानों के खातों में 12338. 20 करोड़ ट्रांसफर कर चुके हैं। जबकि 455.50 करोड़ अभी आढ़तियों की तरफ बकाया है।

8.55 करोड़ के आई-फॉर्म रिजेक्ट हुए हैं। 168.30 करोड़ के आई-फॉर्म अप्रूवल के लिए पेंडिंग हैं।

Advertisement